लखनऊ में भारतीय सड़क कांग्रेस में जुटेंगे विश्व के 3000 इंजीनियर, इन मुद्दों पर होगी चर्चा

0
82

लखनऊ।उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में 37 सालों बाद भारतीय सड़क कांग्रेस (आईआरसी) का चार दिवसीय 81वां वार्षिक अधिवेशन 8 से 11 अक्टूबर तक इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में आयोजित होगा।आईआरसी का पहला स्वर्ण जयंती कार्यक्रम फरवरी 1985 तथा दूसरा कार्यक्रम नवंबर 2011 में लखनऊ में आयोजित किया गया था।इस सम्मेलन में आईआरसी नई तकनीक की शुरुआत और सड़कों के रखरखाव पर चर्चा करेगी। देश-विदेश के विभिन्न संस्थानों के सड़क क्षेत्र के विशेषज्ञ नई और कम लागत वाली प्रौद्योगिकियों और इस क्षेत्र से जुड़े अन्य मुद्दों पर अपने शोधपत्र प्रस्तुत करेंगे।

भारतीय सड़क कांग्रेस देश में राजमार्ग और सेतुओं के निर्माण से संबंधित वैज्ञानिकों व अभियंताओं की एक शीर्ष संस्था है,जो राजमार्गों, सेतुओं के निर्माण से जुड़े मानकों, विशिष्टियों का निर्धारण/पुनर्निर्धारण करती है। इस प्रक्रिया के लिए प्रति वर्ष देश के चयनित स्थानों पर अधिवेशन/वार्षिक सत्र का आयोजन किया जाता है, जिसमें शामिल होने वाले विशेषज्ञों, वैज्ञानिकों, अभियंताओं के बीच राजमार्गों-सेतुओं के निर्माण से जुड़ी विशिष्टियों/नई तकनीकों पर चर्चा और विचार विमर्श होता है। 37 साल के अंतराल के बाद लखनऊ को इस बैठक की मेजबानी करने का मौका मिला है।अधिकारियों के अनुसार अमेरिका, मध्य पूर्व, सिंगापुर के साथ-साथ देश के सभी राज्यों के विशेषज्ञों के भाग लेने की उम्मीद है।लखनऊ में 8 से 11 अक्टूबर तक आयोजित होने वाले इस सम्मेलन में 81वें वार्षिक सत्र में दुनिया भर से लगभग 3000 इंजीनियरों के शामिल होने और सड़क निर्माण में नवीनतम तकनीकों पर चर्चा करने की संभावना है।

पीडब्ल्यूडी अधिकारी संदीप कुमार ने कहा कि कार्यक्रम का संभावित स्थान इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान है। यहां आने वाले प्रतिनिधि दुनिया भर में सड़क निर्माण की सर्वोत्तम तकनीकों और डिजाइनों पर चर्चा करेंगे। इसका उद्देश्य उन तकनीकों पर चर्चा करना है जो सर्वोत्तम और सस्ती हैं। साथ ही सड़कों पर वाहनों की सुरक्षा को लेकर भी चर्चा की जाएगी।

संदीप कुमार ने कहा कि बैठक में इस बात पर भी चर्चा होगी कि सड़क निर्माण में स्थानीय संसाधनों का अधिकतम उपयोग कैसे किया जाए। वाहनों की बढ़ती संख्या को ध्यान में रखते हुए सड़क परिवहन में सुधार पर भी चर्चा होगी। विशेषज्ञों से सड़क निर्माण में पर्यावरण के अनुकूल प्रौद्योगिकियों और सामग्रियों को बढ़ावा देने पर कागजात प्रस्तुत करने की उम्मीद है।

नितिन गडकरी कर सकते हैं शुभारंभ

उद्घाटन सत्र के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी को आमंत्रित करने की भी योजना है। आईआरसी बैठक महत्वपूर्ण है,क्योंकि यह सरकार को नवीन प्रौद्योगिकियों को समर्थन देने, मानकों के उपयोग और उनके प्रदर्शन की निगरानी करने की सिफारिश करेगी।

मुख्य सचिव ने दिया निर्देश

मुख्य सचिव दुर्गा शंकर मिश्रा ने इस बड़े आयोजन को लेकर तैयारियों की समीक्षा की।उन्होंने कहा कि आईआरसी उत्तर प्रदेश के लिए एक महत्वपूर्ण संस्था है।इस आयोजन को सफल बनाने के लिए हमारी सामूहिक जिम्मेदारी थी।उन्होंने लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया कि आईआरसी से संबंधित सभी कार्य 8 अक्टूबर से पहले पूरे कर लिए जाएं।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here